BASIC SHIKSHA SOLUTION में आपका स्वागत है

नमस्ते प्यारे बच्चों और सम्मानित शिक्षकों! 'बेसिक शिक्षा सॉल्यूशन' परिवार में आपका हार्दिक स्वागत है।  यह वेबसाइट विशेष रूप से  कक्षा 1 से 8तक के सभी छात्रों और शिक्षकों के लिए तैयार की  है। यहाँ आपको क्या मिलेगा: व्यापक कवरेज: कक्षा 1 से 8 तक के सभी मुख्य विषयों (जैसे गणित, विज्ञान, हिंदी, सामाजिक विज्ञान, आदि) के सरल नोट्स और शिक्षण सामग्री मिलेगी। विषयों को आसान बनाना: जटिल विषयों को आसान भाषा, चित्र और उदाहरणों के साथ समझाया जाएगा, जो NCERT/UP बोर्ड पाठ्यक्रम पर आधारित होंगे। अभ्यास सामग्री: स्कूल की परीक्षाओं और अवधारणाओं को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण प्रश्न-उत्तर और अभ्यास पत्र यहाँ उपलब्ध होंगे। शिक्षकों के लिए संसाधन: बेसिक शिक्षा विभाग से जुड़ी उपयोगी शिक्षण सामग्री और अपडेट भी समय-समय पर साझा की जाएगी। मेरा उद्देश्य है कि आप सभी को गुणवत्तापूर्ण और सरल शिक्षा सामग्री एक ही जगह पर मिल सके। जुड़े रहें! आप अपनी किसी भी शंका या सुझाव को नीचे कमेंट बॉक्स में लिख सकते हैं। मुझे आपकी मदद करके खुशी होगी। आपका शुभचिंतक, बेसिक शिक्षा सॉल्यूशन

CLASS 6 विज्ञान | LESSON 2 - पदार्थ एवं पदार्थ के समूह

UP Board Class 6 Science Chapter 2 Solution in Hindi | पदार्थ एवं पदार्थ के समूह | Basic Shiksha Solution
इकाई 2 — पदार्थ एवं पदार्थ के समूह
UP Board Class 6 | विज्ञान | सम्पूर्ण हिन्दी समाधान
BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
📖 पाठ परिचय: इस इकाई में हम जानते हैं कि पदार्थ क्या होता है और उसे विभिन्न लक्षणों के आधार पर कैसे वर्गीकृत किया जाता है। पदार्थ की तीन अवस्थाएँ — ठोस, द्रव और गैस — उनकी विशेषताएँ और जल में घुलनशीलता, पारदर्शिता, कठोरता एवं चुम्बकीय व्यवहार के आधार पर वर्गीकरण का अध्ययन करते हैं। इसके साथ ही अणु और परमाणु का संक्षिप्त परिचय भी दिया गया है जो पदार्थ की मौलिक निर्माण इकाइयाँ हैं।
📝 प्रश्न 1 — सही विकल्प छाँटकर अपनी उत्तर पुस्तिका में लिखिए
प्रश्न 1 (क): वर्गीकरण आवश्यक होता है —
(i) वस्तु को विशेष रखने हेतु
(ii) वस्तु एवं पदार्थ के गुणों को आसानी से समझने हेतु
(iii) विद्यालय के पुस्तकालय हेतु
(iv) सभी हेतु
✅ सही उत्तर: (ii) वस्तु एवं पदार्थ के गुणों को आसानी से समझने हेतु
व्याख्या: जब हम पदार्थों को उनके गुणों के आधार पर अलग-अलग समूहों में बाँटते हैं तो उन्हें पहचानना और समझना बहुत सरल हो जाता है। जैसे — किराने की दुकान में सामान वर्गीकृत होने से हम आसानी से जरूरी चीज़ ढूँढ लेते हैं। विकल्प (i), (iii) और (iv) वर्गीकरण के मुख्य वैज्ञानिक उद्देश्य नहीं हैं। याद रखें: वर्गीकरण का उद्देश्य = गुणों को आसानी से समझना।
प्रश्न 1 (ख): किसी द्रव को गर्म करने पर वह बदल जाता है —
(i) ठोस में
(ii) गैस में
(iii) जलवाष्प में
(iv) अपरिवर्तित रहता है।
✅ सही उत्तर: (ii) गैस में
व्याख्या: जब किसी द्रव को पर्याप्त ताप दिया जाता है तो उसके अणुओं की गतिज ऊर्जा इतनी बढ़ जाती है कि वे द्रव की सतह से बाहर निकलकर गैसीय अवस्था में आ जाते हैं। जैसे पानी गर्म करने पर भाप बनती है जो एक गैस है। विकल्प (i) गलत है क्योंकि गर्म करने पर ठोस नहीं बनता — ठंडा करने पर बनता है। विकल्प (iv) भी गलत है क्योंकि ताप देने पर अवस्था अवश्य बदलती है। याद रखें: गर्म करना = ठोस → द्रव → गैस।
प्रश्न 1 (ग): गैस को किसी बर्तन में रखने पर वह —
(i) उसकी तली में बैठ जायेगी।
(ii) उसमें पूरी तरह से फैल जायेगी।
(iii) उसके केवल ऊपरी हिस्से में फैलेगी।
(iv) उसको खाली कर देगी।
✅ सही उत्तर: (ii) उसमें पूरी तरह से फैल जायेगी।
व्याख्या: गैस के कण बहुत दूर-दूर होते हैं और उनके बीच आकर्षण बल नगण्य होता है। इसीलिए गैस जिस भी बर्तन में रखी जाए उस पूरे बर्तन का आयतन और आकार ग्रहण कर लेती है। विकल्प (i) ठोस की विशेषता है जो एक स्थान पर टिका रहता है। विकल्प (iii) गलत है क्योंकि गैस केवल ऊपर नहीं, सभी दिशाओं में फैलती है। याद रखें: गैस = न निश्चित आकार, न निश्चित आयतन — जहाँ रखो वहाँ फैल जाती है।
प्रश्न 1 (घ): पदार्थ की निर्माण इकाई है —
(i) परमाणु
(ii) इलेक्ट्रॉन
(iii) प्रोटॉन
(iv) न्यूट्रॉन
✅ सही उत्तर: (i) परमाणु
व्याख्या: परमाणु (Atom) पदार्थ की मौलिक निर्माण इकाई है। इलेक्ट्रॉन, प्रोटॉन और न्यूट्रॉन स्वयं परमाणु के अवयवी कण हैं — ये पदार्थ की निर्माण इकाई नहीं हैं बल्कि परमाणु के हिस्से हैं। परमाणु आपस में जुड़कर अणु बनाते हैं और अणु मिलकर पदार्थ का निर्माण करते हैं। याद रखें: परमाणु → अणु → पदार्थ।
BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
📝 प्रश्न 2 — रिक्त स्थान की पूर्ति कोष्ठक में दिए गए सही शब्द की सहायता से कीजिए
(क) ठोस का आकार .................. होता है।
✅ उत्तर: निश्चित
व्याख्या: ठोस पदार्थ में कण बहुत पास-पास होते हैं और उनके बीच आकर्षण बल बहुत अधिक होता है। इसी कारण कण अपने स्थान पर स्थिर रहते हैं और ठोस का आकार तथा आयतन दोनों निश्चित होते हैं। जैसे काँच की गोली — चाहे थैले में रखो या गिलास में डालो — उसका आकार नहीं बदलता। याद रखें: ठोस = निश्चित आकार + निश्चित आयतन।
(ख) अगरबत्ती की सुगंध .................. गुण के कारण कमरे में फैल जाती है।
✅ उत्तर: विसरण (गैसीय फैलाव)
व्याख्या: अगरबत्ती से निकला धुआँ और सुगंध गैस के रूप में होती है। गैसीय कण बहुत तेज गति से सभी दिशाओं में फैलते हैं — इस प्रक्रिया को विसरण (Diffusion) कहते हैं। इसीलिए अगरबत्ती कमरे के एक कोने में जलाने पर भी पूरे कमरे में सुगंध फैल जाती है। याद रखें: गैस का फैलना = विसरण।
(ग) .................. पानी में घुल जाता है।
✅ उत्तर: नमक (या शक्कर / चॉक पाउडर)
व्याख्या: नमक, शक्कर और चॉक पाउडर जल में घुलनशील पदार्थ हैं — इन्हें विलेय पदार्थ कहते हैं। जबकि लकड़ी का बुरादा और रेत जल में नहीं घुलते — इन्हें अविलेय पदार्थ कहते हैं। यह ध्यान रखें कि नमक पानी में घुलता है परंतु मिट्टी के तेल में नहीं घुलता। याद रखें: घुलनशील = विलेय। न घुलने वाला = अविलेय।
(घ) .................. पदार्थ का वह सूक्ष्मतम कण है जो स्वतंत्र अवस्था में रह सकता है।
✅ उत्तर: अणु
व्याख्या: अणु (Molecule) पदार्थ का वह सूक्ष्मतम कण है जो स्वतंत्र अवस्था में रह सकता है और जिसमें पदार्थ के सभी गुण विद्यमान होते हैं। इसे परमाणु से अलग समझें — परमाणु स्वतंत्र अवस्था में नहीं रह सकता लेकिन रासायनिक अभिक्रिया में भाग लेता है। याद रखें: अणु = स्वतंत्र + सभी गुण। परमाणु = रासायनिक अभिक्रिया।
BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
📝 प्रश्न 3 — लिखित प्रश्नों के संक्षिप्त उत्तर अपनी उत्तर पुस्तिका में लिखिए
प्रश्न 3 (क): पदार्थ की तीन अवस्थाओं के नाम लिखिए। उत्तर:
पदार्थ की तीन अवस्थाएँ हैं — (1) ठोस   (2) द्रव   (3) गैस।
व्याख्या: जल इन तीनों अवस्थाओं का सर्वोत्तम उदाहरण है — बर्फ (ठोस), पानी (द्रव) और जलवाष्प (गैस)। नारियल का तेल सर्दियों में ठोस और गर्मियों में द्रव बन जाता है। मोम को गर्म करने पर पहले द्रव और फिर वाष्प (गैस) बन जाता है। इससे स्पष्ट है कि तापमान परिवर्तन से पदार्थ की अवस्था बदली जा सकती है। याद रखें: पदार्थ की तीन अवस्थाएँ = ठोस + द्रव + गैस।
प्रश्न 3 (ख): पदार्थ की उस अवस्था का नाम लिखिए जिसमें पदार्थ का आयतन और आकृति दोनों निश्चित होते हैं। उत्तर:
ठोस अवस्था में पदार्थ का आयतन और आकृति दोनों निश्चित होते हैं।
व्याख्या: ठोस पदार्थ के कण अपने स्थान पर लगभग स्थिर रहते हैं क्योंकि उनके बीच आकर्षण बल बहुत अधिक होता है। काँच की गोली चाहे थैले में रखो, हाथ में लो या गिलास में डालो — उसका आकार और आयतन नहीं बदलता। इसके विपरीत द्रव का आयतन निश्चित परंतु आकार अनिश्चित होता है, और गैस का दोनों अनिश्चित होते हैं। याद रखें: ठोस ही एकमात्र ऐसी अवस्था है जिसमें आकार और आयतन दोनों निश्चित होते हैं।
प्रश्न 3 (ग): पदार्थ के वर्गीकरण से क्या तात्पर्य है? उत्तर:

वस्तुओं को उनके सामान्य लक्षणों के आधार पर अलग-अलग समूहों में वितरित करने की क्रिया को वर्गीकरण कहते हैं।

विस्तृत विवरण: पदार्थ का भौतिक वर्गीकरण बाह्य संरचना के आधार पर होता है — ठोस, द्रव, गैस। रासायनिक वर्गीकरण आंतरिक संरचना पर आधारित है — तत्व, यौगिक, मिश्रण। इसके अतिरिक्त घुलनशीलता, पारदर्शिता, कठोरता और चुम्बकीय व्यवहार के आधार पर भी वर्गीकरण होता है। वर्गीकरण से पदार्थों की पहचान, तुलना और अध्ययन अत्यंत सरल हो जाता है।
प्रश्न 3 (घ): पारभासी किसे कहते हैं? उत्तर:
वे पदार्थ जिनके द्वारा धुँधला या आंशिक रूप से आर-पार देखा जा सकता है, पारभासी कहलाते हैं।
उदाहरण एवं व्याख्या: तेल लगा कागज, पेंट लगा काँच, ट्रेसिंग पेपर और मोटा पर्दा — ये सभी पारभासी के उदाहरण हैं। इनमें से प्रकाश पूरी तरह नहीं बल्कि आंशिक रूप से निकल पाता है, इसीलिए वस्तु धुँधली दिखती है। याद रखने का आसान तरीका: पारदर्शी = स्पष्ट दिखे। अपारदर्शी = बिल्कुल न दिखे। पारभासी = धुँधला दिखे।
BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
📝 प्रश्न 4 — कारण बताइए
प्रश्न 4 (क): द्रव पदार्थ की आकृति निश्चित नहीं होती है। उत्तर — कारण:
द्रव पदार्थ की आकृति निश्चित नहीं होती क्योंकि इसके अणुओं के बीच आकर्षण बल ठोस की तुलना में कम होता है। इस कम आकर्षण बल के कारण द्रव के अणु एक-दूसरे के सापेक्ष स्वतंत्र रूप से खिसक सकते हैं। इसीलिए द्रव जिस भी बर्तन में रखा जाए, वह उस बर्तन का आकार ग्रहण कर लेता है।
उदाहरण: जब एक लीटर पानी को नपने बर्तन से भगौने में डाला जाए तो उसकी आकृति भगौने जैसी हो जाती है, परंतु आयतन एक लीटर ही रहता है। याद रखें: द्रव के कण बंधे हुए हैं (इसलिए आयतन निश्चित) परंतु खिसक सकते हैं (इसलिए आकार अनिश्चित)।
प्रश्न 4 (ख): जल से भरा गिलास खाली गिलास की अपेक्षा भारी होता है। उत्तर — कारण:
जल से भरा गिलास भारी होता है क्योंकि जल एक पदार्थ है और प्रत्येक पदार्थ में भार होता है। पदार्थ की परिभाषा के अनुसार — "वह सब कुछ जो स्थान घेरता है और जिसमें भार होता है, पदार्थ कहलाता है।" जल का भार जुड़ने से पूरे गिलास का कुल भार बढ़ जाता है।
वैज्ञानिक आधार: खाली गिलास में केवल वायु भरी होती है जिसका भार बहुत कम होता है। जल भरने पर जल का भार जुड़ जाता है इसीलिए जल से भरा गिलास भारी होता है। यह प्रयोग सिद्ध करता है कि जल एक पदार्थ है। याद रखें: पदार्थ के दो लक्षण = स्थान घेरना + भार होना।
BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
📝 प्रश्न 5 — निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर अपनी उत्तर पुस्तिका में लिखिए
प्रश्न 5 (क): एक प्रयोग बताएं जिससे सिद्ध होता है कि पदार्थ स्थान घेरता है। उत्तर: 🔬 प्रयोग — पदार्थ स्थान घेरता है
सामग्री: एक गिलास, पानी, एक पत्थर।

विधि: एक गिलास को ऊपर तक पानी से पूरा भर लीजिए। अब उसमें धीरे-धीरे एक पत्थर डालिए।

प्रेक्षण: पत्थर डालने पर पानी गिलास से बाहर बह जाता है।

निष्कर्ष: पत्थर ने गिलास में स्थान घेर लिया, इसीलिए उतना ही पानी बाहर आ गया। इससे सिद्ध होता है कि पत्थर (एक पदार्थ) स्थान घेरता है।
वायु के लिए भी प्रयोग: एक फूला हुआ गुब्बारा लेकर एक तरफ से दबाएँ — दूसरी तरफ फूल जाएगा क्योंकि हवा स्थान घेर रही है। इससे सिद्ध होता है कि गैस (वायु) भी एक पदार्थ है और स्थान घेरती है। याद रखें: प्रत्येक पदार्थ — चाहे ठोस, द्रव या गैस हो — स्थान अवश्य घेरता है।
प्रश्न 5 (ख): किसी पदार्थ को ठोस अवस्था से द्रव अवस्था तथा द्रव अवस्था से ठोस अवस्था में कैसे बदला जा सकता है? उत्तर: 🔥 ठोस → द्रव (पिघलना / द्रवण)
ठोस पदार्थ को गर्म करने पर वह पिघलकर द्रव बन जाता है। गर्म करने पर कणों की गतिज ऊर्जा बढ़ती है, वे तेजी से कंपन करने लगते हैं और अंततः अपने स्थान से खिसककर द्रव अवस्था में आ जाते हैं। इसे द्रवण कहते हैं। उदाहरण — बर्फ गर्म करने पर पानी बनती है; मोम गर्म करने पर पिघलता है।
❄️ द्रव → ठोस (जमना / हिमीकरण)
द्रव पदार्थ को ठंडा करने पर वह जमकर ठोस बन जाता है। ठंडा करने पर कणों की गतिज ऊर्जा घटती है, वे धीमे होकर एक-दूसरे के पास आ जाते हैं और ठोस बन जाते हैं। इसे हिमीकरण कहते हैं। उदाहरण — पानी जमाने पर बर्फ बनती है; पिघले मोम को ठंडा करने पर वह फिर ठोस हो जाता है।
याद रखें: ताप देना = ठोस → द्रव (पिघलना)। ताप हटाना = द्रव → ठोस (जमना)। दोनों प्रक्रियाएँ एक-दूसरी की विपरीत हैं — ये भौतिक परिवर्तन हैं, रासायनिक नहीं।
प्रश्न 5 (ग): ठोस, द्रव और गैस में अंतर उदाहरण सहित कीजिए। उत्तर:
गुणठोसद्रवगैस
आकारनिश्चितअनिश्चितअनिश्चित
आयतननिश्चितनिश्चितअनिश्चित
कणों की दूरीबहुत कममध्यमबहुत अधिक
आकर्षण बलबहुत अधिकमध्यमनगण्य
प्रवाहितानहीं बहताबहता हैबहता है
संपीड्यतानहींबहुत कमअधिक
उदाहरणपत्थर, बर्फ, लोहापानी, दूध, तेलवायु, ऑक्सीजन, धुआँ
याद रखने का सरल सूत्र: ठोस = आकार ✓ आयतन ✓। द्रव = आकार ✗ आयतन ✓। गैस = आकार ✗ आयतन ✗।
BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
📝 प्रश्न 6 — पारदर्शिता के आधार पर पदार्थ कितने प्रकार के होते हैं? उदाहरण सहित लिखिए।
उत्तर:

पारदर्शिता के आधार पर पदार्थ तीन प्रकार के होते हैं —

1. पारदर्शी पदार्थ (Transparent)
वे पदार्थ जिनके आर-पार स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है पारदर्शी कहलाते हैं। उदाहरण — साफ काँच, स्वच्छ जल, वायु, काँच की बोतल।
2. अपारदर्शी पदार्थ (Opaque)
वे पदार्थ जिनके आर-पार प्रकाश नहीं देखा जा सकता अपारदर्शी कहलाते हैं। उदाहरण — लकड़ी, कागज, पत्थर, धातु की चादर, चमड़ा।
3. पारभासी पदार्थ (Translucent)
वे पदार्थ जिनके द्वारा धुँधला या आंशिक रूप से आर-पार देखा जा सकता है पारभासी कहलाते हैं। उदाहरण — तेल लगा कागज, पेंट लगा काँच, ट्रेसिंग पेपर।
याद रखें: पारदर्शी → स्पष्ट। अपारदर्शी → कुछ नहीं। पारभासी → धुँधला।
📝 प्रश्न 7 — परिवेश में पायी जाने वाली तीन-तीन कठोर व मुलायम वस्तुओं के नाम लिखिए।
उत्तर: 🪨 तीन कठोर पदार्थ (अँगुलियों से दबाने पर नहीं दबते)
(1) लोहा — अत्यंत कठोर धातु।
(2) काँच का टुकड़ा — भले ही टूट जाए, परंतु दबाने पर नहीं दबता।
(3) पत्थर — प्रकृति में पाया जाने वाला कठोर पदार्थ।
🪶 तीन मुलायम पदार्थ (अँगुलियों से आसानी से दब जाते हैं)
(1) रूई (कपास) — अँगुली लगाते ही दब जाती है।
(2) ऊन — मुलायम रेशों से बना पदार्थ।
(3) स्पंज — दबाने पर दब जाता है और छोड़ने पर वापस आ जाता है।
याद रखें: कठोरता उस पदार्थ में अधिक होती है जिसके कणों के बीच आकर्षण बल अधिक होता है। मुलायम पदार्थ में कण ढीले होते हैं। हीरा प्रकृति का सबसे कठोर पदार्थ है।
📝 प्रश्न 8 — चुम्बक किन-किन पदार्थों से निर्मित वस्तुओं को अपनी ओर आकर्षित करता है?
उत्तर:
चुम्बक लोहा, निकल और कोबाल्ट धातुओं से बनी वस्तुओं को अपनी ओर आकर्षित करता है।
चुम्बकीय पदार्थ: लोहे की कीलें, आलपिन, परकार, लोहे का बुरादा — ये सभी चुम्बक से चिपक जाते हैं। इन्हें चुम्बकीय पदार्थ कहते हैं।
अचुम्बकीय पदार्थ: लकड़ी, काँच, प्लास्टिक, रबर, कागज, एल्युमीनियम, ताँबा — ये चुम्बक से नहीं चिपकते। इन्हें अचुम्बकीय पदार्थ कहते हैं।
⚠️ महत्वपूर्ण तथ्य: सभी धातुएँ चुम्बकीय नहीं होतीं! एल्युमीनियम, ताँबा, सोना और चाँदी — ये धातुएँ हैं परंतु चुम्बक इन्हें आकर्षित नहीं करता। याद रखें: केवल Fe (लोहा), Ni (निकल) और Co (कोबाल्ट) ही चुम्बकीय धातुएँ हैं।
BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
📝 प्रश्न 9 — आस-पास दिखायी देने वाली वस्तुओं को पारदर्शी, अपारदर्शी तथा पारभासी में वर्गीकृत कर सूची बनाइए।
उत्तर:
क्र.सं.वस्तु का नामपारदर्शीअपारदर्शीपारभासी
1.साफ काँच
2.लकड़ी का तख्ता
3.तेल लगा कागज
4.स्वच्छ जल
5.मोटा कागज
6.ट्रेसिंग पेपर
7.पत्थर
8.काँच की बोतल
9.पेंट लगा काँच
10.धातु की चादर
📝 प्रश्न 10 — पदार्थ का वर्गीकरण क्यों आवश्यक है? इस सन्दर्भ में अपने विचार लिखिए।
उत्तर:

पदार्थ का वर्गीकरण निम्नलिखित कारणों से अत्यंत आवश्यक है —

1. सरल अध्ययन के लिए
जब हजारों प्रकार के पदार्थों को उनके गुणों के आधार पर समूहों में बाँटा जाता है तो उनका अध्ययन व्यवस्थित और सरल हो जाता है। जैसे पुस्तकालय में पुस्तकें विषय के अनुसार रखी हों तो खोजना आसान होता है।
2. आसान पहचान के लिए
वर्गीकरण से किसी नई वस्तु को देखकर उसके गुणों का अनुमान लगाया जा सकता है। जैसे यदि हम जानते हैं कि धातुएँ कठोर होती हैं तो किसी नई धातु के बारे में भी यह अनुमान लगा सकते हैं।
3. सही पदार्थ का सही उपयोग
वर्गीकरण की जानकारी से हम जान सकते हैं कि किस काम के लिए कौन-सा पदार्थ उचित है। जैसे — हथौड़ी बनाने में लोहा और गिलास बनाने में काँच। यदि हथौड़ी काँच की बनाई जाए तो वह टूट जाएगी।
4. वैज्ञानिक शोध में सहायक
वैज्ञानिकों के लिए पदार्थों का वर्गीकरण नए पदार्थों की खोज और उनके उपयोग में सहायक होता है। रासायनिक वर्गीकरण से तत्वों, यौगिकों और मिश्रणों की विशेषताओं को अलग-अलग समझा जा सकता है।
📌 निष्कर्ष: पदार्थों का वर्गीकरण विज्ञान की नींव है। इसके बिना दैनिक जीवन में सही पदार्थ का सही उपयोग करना अत्यंत कठिन होता।
BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
📋 बोनस: पदार्थ वर्गीकरण की सम्पूर्ण तालिकाएँ (परीक्षोपयोगी)
📊 पारदर्शिता के आधार पर वर्गीकरण:
प्रकारपरिभाषाउदाहरण
पारदर्शीआर-पार स्पष्ट दिखता हैकाँच, जल, वायु
अपारदर्शीआर-पार प्रकाश नहीं जातालकड़ी, पत्थर, धातु
पारभासीधुँधला दिखता हैतेल लगा कागज, ट्रेसिंग पेपर
📊 घुलनशीलता के आधार पर वर्गीकरण:
प्रकारपरिभाषाउदाहरण
विलेय (घुलनशील)जल में घुल जाते हैंनमक, शक्कर, चॉक पाउडर
अविलेय (अघुलनशील)जल में नहीं घुलतेरेत, लकड़ी का बुरादा, तेल
📊 चुम्बकीय व्यवहार के आधार पर वर्गीकरण:
प्रकारपरिभाषाउदाहरण
चुम्बकीयचुम्बक से आकर्षित होते हैंलोहा, निकल, कोबाल्ट, आलपिन
अचुम्बकीयचुम्बक से आकर्षित नहीं होतेकाँच, लकड़ी, प्लास्टिक, एल्युमीनियम
📊 परमाणु के अवयवी कण:
कणआवेशसंकेतस्थान
प्रोटॉनधनावेश (+)pनाभिक में
इलेक्ट्रॉनऋणावेश (−)eकक्षाओं में
न्यूट्रॉनउदासीन (0)nनाभिक में
BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
❓ FAQs — अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (Frequently Asked Questions)
Q1. पदार्थ की परिभाषा क्या है?
वह सब कुछ जो स्थान घेरता है और जिसमें भार होता है, पदार्थ कहलाता है। जैसे — हवा, पानी, लोहा, लकड़ी। ध्यान दें: प्रकाश और ध्वनि पदार्थ नहीं हैं क्योंकि उनमें भार नहीं होता।
Q2. भौतिक और रासायनिक वर्गीकरण में क्या अंतर है?
भौतिक वर्गीकरण बाह्य संरचना पर आधारित है — पदार्थ को ठोस, द्रव और गैस में बाँटते हैं। रासायनिक वर्गीकरण आंतरिक संरचना पर आधारित है — पदार्थ को तत्व, यौगिक और मिश्रण में बाँटते हैं।
Q3. अणु और परमाणु में क्या मुख्य अंतर है?
अणु — स्वतंत्र अवस्था में रह सकता है, पदार्थ के सभी गुण रखता है। परमाणु — स्वतंत्र नहीं रह सकता परंतु रासायनिक अभिक्रिया में भाग लेता है। परमाणु मिलकर अणु बनाते हैं।
Q4. क्या सभी धातुएँ चुम्बकीय होती हैं?
नहीं। केवल लोहा, निकल और कोबाल्ट चुम्बकीय धातुएँ हैं। एल्युमीनियम, ताँबा, सोना और चाँदी — ये धातुएँ हैं परंतु अचुम्बकीय हैं।
Q5. नमक और रेत में से कौन विलेय है?
नमक विलेय है — जल में घुलकर अदृश्य हो जाता है। रेत अविलेय है — जल में नहीं घुलती, नीचे बैठ जाती है। घुलनशीलता के आधार पर पदार्थ वर्गीकरण का यह सुंदर उदाहरण है।
Q6. पारभासी और पारदर्शी में क्या अंतर है?
पारदर्शी में प्रकाश पूरी तरह आर-पार जाता है — वस्तु स्पष्ट दिखती है जैसे साफ काँच। पारभासी में प्रकाश आंशिक रूप से जाता है — वस्तु धुँधली दिखती है जैसे तेल लगा कागज।
Q7. हथौड़ी काँच की क्यों नहीं बनाई जाती?
क्योंकि काँच भंगुर (brittle) होता है — जोर लगाने पर टूट जाता है। हथौड़ी को कठोर और मजबूत पदार्थ की आवश्यकता होती है इसलिए लोहे से बनाई जाती है। यह बताता है कि वस्तु बनाते समय पदार्थ के गुणों का ध्यान रखना आवश्यक है।
Q8. डॉल्टन के अनुसार परमाणु क्या है?
डॉल्टन के परमाणु सिद्धांत के अनुसार — तत्व अत्यंत सूक्ष्म अविभाज्य कणों से बना है जिन्हें परमाणु कहते हैं। परंतु आधुनिक विज्ञान में इलेक्ट्रॉन, प्रोटॉन और न्यूट्रॉन की खोज से सिद्ध हुआ कि परमाणु विभाज्य है।
🔎 निष्कर्ष
निष्कर्ष:

इस प्रकार UP Board Class 6 Science इकाई 2 — पदार्थ एवं पदार्थ के समूह के सम्पूर्ण समाधान में हमने जाना कि पदार्थ वह है जो स्थान घेरता है और जिसमें भार होता है। पदार्थ की तीन अवस्थाएँ — ठोस, द्रव और गैस — प्रत्येक के अपने विशिष्ट गुण होते हैं। पदार्थ को घुलनशीलता, पारदर्शिता, कठोरता और चुम्बकीय व्यवहार के आधार पर वर्गीकृत किया जाता है। अणु पदार्थ का वह कण है जो स्वतंत्र अवस्था में रह सकता है जबकि परमाणु पदार्थ की मौलिक निर्माण इकाई है जो प्रोटॉन, इलेक्ट्रॉन एवं न्यूट्रॉन से मिलकर बना है।

BASIC SHIKSHA SOLUTION ● UP BOARD CLASS 6 SCIENCE SOLUTION
📚 अन्य अध्याय देखें — Class 6 Science
  • 👉 UP Board Class 6 Science Chapter 1 Solution
  • 👉 UP Board Class 6 Science All Chapters Solution
  • 👉 UP Board Class 7 Science Solution
  • 👉 UP Board Class 6 Hindi Solution
  • 👉 UP Board Class 6 Sanskrit Solution

Comments

Popular posts from this blog

UP Board Enrollment Form Tool 2026-27 | छात्र नवीन नामांकन फॉर्म PDF Generator

Primary Master Time Table Generator 2026-27 | Class 1-5 Time Table Tool UP Board

UP Board General Enrollment Form Tool 2026-27 (कुल छात्र संख्या विवरण) – Online Fill & Print PDF

UP Board Master Time Table Generator Tool 2026 | Editable School Time Table PDF Download

UP Basic Shiksha Parishad Admission Form 2026-27 Online Fill | Download Blank PDF | Class 1 to 8 Form

जनगणना 2027 प्रगणक के कर्तव्य | Census Enumerator Duties Hindi | HLO Guide

UP Basic Shiksha Holiday List 2026 Generator | School Name Wise Holiday List Print (Hindi)

eHRMS Leave Application Generator 2026 | मानव संपदा अवकाश प्रार्थना पत्र PDF डाउनलोड

Class 6 Hindi Chapter 2 Solution | अपना स्थान स्वयं बनाइए

MDM Monthly Calculator (School Wise) | Mid Day Meal Calculation Tool